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Hamirpur: कोरोना के लंबे समय के बाद दशहरे मेले का हुआ भव्य आयोजन

काजल कश्यप, हमीरपुर

कोरोना काल के लंबे समय के बाद दशहरे मेले का आयोजन किया जा रहा है।  बुंदेलखंड में दशहरा मेला एक परंपरा है। जहां पर लोग पुतला दहन के समय दसियों हजार की संख्या में शामिल होते हैं। दशहरे मेले में कोरोना और सुरक्षा को देखते हुए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। मेला में गेट पर मास्क वितरण और सुरक्षा को लेकर पुलिस द्वारा ड्रोन से मेले की निगरानी की जाएगी।  दशहरा मेला जिले का सबसे बड़ा और मुख्य मेला है। इस मेले में हजारों की संख्या में लोग रावण दहन देखने जाते हैं।  दो वर्षों बाद लगे मेले को भव्य बनाने के लिए कानपुर से रावण और कुंभकरण के पुतले दहन के लिए मंगवाए गए हैं।

यूपी के हमीरपुर जिले में कोरोना काल के दो वर्षों बाद दशहरे मेले की इजाजत मिलते ही आयोजन समितियां मेले को भव्य बनाने में लग गई है। बुंदेलखंड दशहरा मनाने की एक अनोखी परंपरा है। यहां लोग एक दूसरे के घर जाकर पहले पान खिलाते हैं उसके बाद मेला देखने पूरे परिवार सहित हजारों की संख्या में लोग पहुंचते हैं। दो वर्षों बाद लगे मेले में लोग बड़ी संख्या में पहुंचने की इस बार उम्मीद कर रहे हैं। सुरक्षा और कोरोना को लेकर आयोजक समिति और प्रशासन पूरी तरह व्यवस्थाओं में लगा है। आयोजक समिति द्वारा मास्क और सैनिटाइजर की व्यवस्था मेला गेट पर कराई गई है, तो वहीं भारी भीड़ को देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा निगरानी के लिए कई ड्रोन लगाए गए हैं। दो वर्षों बाद लगे दशहरे मेले को लेकर लोगों में भी उत्साह देखने को मिल रहा है। मेले को भव्य बनाने के लिए प्रशासन और मेला समितियां ने भी भारी इंतजाम किए हैं। दशहरा मेला जिले का सबसे बड़ा मेला होता है। मेले में आसपास के जनपदों से भी लोग रात के समय शामिल होते हैं।

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